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मिनिमम बैलेंस नहीं रख पाने का चार्ज माफ
13:59 19/08/2020
भारतीय स्टेट बैंक मिनिमम बैलेंस रखने का चार्ज और एसएमएस चार्जेज अब बचत खाता वाले ग्राहकों से नहीं लेगा। बैंक ने अब ये शुल्क माफ कर दिया है। लाइव मिंट की खबर के मुताबिक SBI ने ट्वीट कर कहा है कि एसबीआई बचत खाताधारकों के लिए अच्छी खबर है। अब आपको एसएमएस सेवा और मासिक न्यूनतम राशि नहीं रखने पर भी शुल्क नहीं लेगा। एसबीआई के 44 करोड़ से अधिक बचत खाताधारकों ये सुविधा मिलेगी।
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एक से ज्यादा PAN Card है तो.....
13:56 19/08/2020
देश में कई ऐसे लोग भी हैं, जिनके पास एक से ज्यादा पैन कार्ड है। आयकर विभाग के नियमों के मुताबिक किसी भी व्यक्ति को एक से अधिक पैन कार्ड रखने की अनुमति नहीं होती है। कुछ लोग सिबिल खराब होने पर जान बूझकर नए पैन कार्ड के लिए अप्लाई करते हैं। वहीं, कुछ लोग कर देनदारी को घटाने के लिए नया पैन कार्ड बनवा लेते हैं।
एक से अधिक पैन कार्ड रखना गैरकानूनी है और आयकर विभाग इसके लिए आप पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगा सकता है। आयकर अधिनियम की धारा 139A (7) के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति जिसे पहले ही PAN अलॉट किया जा चुका है, वह नए पर्मानेंट अकाउंट नंबर के लिए ना ही अप्लाई कर सकता है और ना ही एक से ज्यादा पैन कार्ड रख सकता है। वहीं, आयकर अधिनियम की धारा 272B के तहत धारा 139A का अनुपालन नहीं करने वाले व्यक्ति पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
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फ्लाइट सर्विस
13:40 19/08/2020
केंद्र सरकार ने इंटरनेशनल फ्लाइट शुरू करने के लिए कुछ देशों से बातचीत भी शुरू कर दी है। सिविल एविएशन मिनिस्टर (Civil Aviation Minister) हरदीप सिंह पुरी (Hardeep Singh Puri) ने कहा कि इंटरनेशनल फ्लाइट सर्विस शुरू करने के लिए द्विपक्षीय एयर बबल (bilateral air bubble) व्यवस्था बनाने के लिए 13 देशों के साथ बातचीत शुरू कर दी गई है। इन 13 देशों में ऑस्ट्रेलिया (Australia), इटली (Italy), जापान (Japan), न्यूजीलैंड (New Zealand), नाइजीरिया (Nigeria), बहरीन (Bahrain), इजरायल (Israel), केन्या (Kenya), फिलीपींस (Philippines), रूस (Russia), सिंगापुर (Singapore), दक्षिण कोरिया (South Korea) और थाईलैंड (Thailand) शामिल हैं।
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स्वदेशी माइक्रोप्रोसेसर चैलेंज, 1 करोड़ रुपये का इनाम
13:16 19/08/2020 भारत ऐप इनोवेशन चैलेंज के बाद भारत सरकार ने स्वदेशी Microprocessor Challenge लॉन्च किया है. जिसमें कंपनियां हिस्सा ले सकती हैं. इस चैलेंज के तहत 25 विजेता टीम को कुल एक करोड़ रुपये का इनाम मिलेगा. आवेदन की प्रक्रिया 18 अगस्त 2020 से शुरू हो गई है. उम्मीदवार mygov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं.
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1.89 करोड़ नौकरियां गईं
13:36 19/08/2020
कोराना की वजह से हुए लॉकडाउन के कारण देश में करीब 1.89 करोड़ लोगों की नौकरियां चली गई हैं. यही नहीं, सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी (CMIE) के मुताबिक जुलाई महीने में ही 50 लाख लोगों की नौकरियां चली गईं.
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10 बैंकों ने राइट ऑफ किए 19 हजार करोड़ रुपये
13:41 19/08/2020

देश के 10 बड़े बैंकों ने मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 19,000 करोड़ रुपये के कर्जों को राइट ऑफ कर दिया है। बीते साल की इसी तिमाही के मुकाबले यह राइट ऑफ करीब 10 फीसदी ज्यादा है। 2019 की जून तिमाही में बैंकों ने करीब 17,000 करोड़ रुपये के लोन को राइट ऑफ कर दिया था। इतने बड़े पैमाने पर लोन का राइट ऑफ का किए जाने से पता चलता है कि बैंकिंग सेक्टर में एनपीए का संकट कितना बढ़ गया है। देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक एसबीआई ने 4,630 करोड़ रुपये को लोन जून तिमाही में राइट ऑफ किए हैं। इसके अलावा बैंक ऑफ इंडिया ने 3,505 करोड़ रुपये के लोन बही-खाते से हटा दिए हैं।
कैनरा बैंक ने इस अवधि में 3,216 करोड़ रुपये के लोन राइट ऑफ किए हैं। यही नहीं निजी सेक्टर के दिग्गज एक्सिस बैंक ने भी 2,284 करोड़ रुपये के लोन को राइट ऑफ कर दिया है। आईसीआईसीआई बैंक ने 1,426 करोड़ रुपये के लोन अपनी बुक्स से हटा दिए हैं। इंड्सइंड बैंक ने भी 1,250 करोड़ रुपये के कर्ज को राइट ऑफ कर दिया है।
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निजी हाथों में होंगे ये 4 सरकारी बैंक
13:44 19/08/2020
केंद्र सरकार ने देश के 4 बड़े सरकारी बैंकों के निजीकरण की प्रक्रिया तेज कर दी है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक पीएमओ ने अधिकारियों से कहा है कि इन बैंकों की हिस्सेदारी को बेचने की प्रक्रिया तेज की जाए। पूरे मामले की जानकारी रखने वाले दो सूत्रों ने बताया कि सरकार पंजाब ऐंड सिंध बैंक, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, यूको बैंक और आईडीबीआई बैंक में बड़ी हिस्सेदारी रखती है और अब इसे बेचना चाहती है।
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लोग जरूरी खर्चो में भी करने लगे हैं कटौती
13:53 19/08/2020
कोविड-19 की वजह से इकोनॉमी को लेकर अनिश्चितता इस तरह से फैल गई है कि लोगों ने गैर-जरूरी चीजों के साथ जरूरी चीजों की खपत में भी कटौती शुरू कर दी है। इस बात का संकेत आरबीआइ ने 6 अगस्त, 2020 को कंज्यूमर कंफिडेंस सर्वे में दिया था और सोमवार को एकाउंटिंग फर्म पीडब्लूसी की रिपोर्ट में भी यही बात सामने आ रही है। इस रिपोर्ट के मुताबिक अगले एक से डेढ़ वर्ष तक 50 फीसद लोगों ने अपनी जरूरी उपभोग की वस्तुओं पर खर्चे में कटौती करने की बात कही है जबकि 75 फीसद लोगों ने कहा है कि वे गैर जरुरी उपभोग की वस्तुओं पर भी खर्चे में कटौती करेंगे।
भारत की इकोनॉमी में 60 फीसद योगदान घरेलू खर्चे का होता है और जब लोग आवश्यक व अनावश्यक खर्चे पर लगाम लगाएंगे तो कोविड-19 की चंगुल से इकोनॉमी को निकालने में भी देरी होगी।